آیه 34 سوره نازعات: تفاوت بین نسخهها
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نسخهٔ کنونی تا ۲۲ ژوئن ۲۰۲۶، ساعت ۱۲:۵۵
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محتویات
ترجمه های فارسی
پس چون آن واقعه بزرگ (و حادثه عظیم قیامت) پدید آید.
پس زمانی که آن حادثه بزرگ تر [و غیر قابل دفع] در رسد،
پس آنگاه كه آن هنگامه بزرگ دررسد،
چون آن حادثه بزرگ دررسد،
هنگامی که آن حادثه بزرگ رخ دهد،
ترجمه های انگلیسی(English translations)
When the Greatest Catastrophe befalls
But when the great predominating calamity comes;
But when the great disaster cometh,
Therefore, when there comes the great, overwhelming (Event),-
معانی کلمات آیه
- طامة: طمّ: غلبه و تجاوز «جرى الوادى فطمّ على القرى» يعنى سيل جارى شد و بر روستاها غلبه كرد، قيامت را از آن طامة گفتهاند كه بر هر چيزى غلبه و برترى كند «طامة» حادثه بزرگ و فراگيرند، آن فقط يك بار در قرآن آمده است.[۱]
تفسیر آیه
تفسیر نور (محسن قرائتی)
فَإِذا جاءَتِ الطَّامَّةُ الْكُبْرى «34» يَوْمَ يَتَذَكَّرُ الْإِنْسانُ ما سَعى «35» وَ بُرِّزَتِ الْجَحِيمُ لِمَنْ يَرى «36» فَأَمَّا مَنْ طَغى «37» وَ آثَرَ الْحَياةَ الدُّنْيا «38» فَإِنَّ الْجَحِيمَ هِيَ الْمَأْوى «39»
تفسير نور(10جلدى)، ج10، ص: 379
پانویس
- ↑ تفسير احسن الحديث، سید علی اکبر قرشی، ج12، ص67
منابع
- تفسیر نور، محسن قرائتی، تهران:مركز فرهنگى درسهايى از قرآن، 1383 ش، چاپ يازدهم
- اطیب البیان فی تفسیر القرآن، سید عبدالحسین طیب، تهران:انتشارات اسلام، 1378 ش، چاپ دوم
- تفسیر اثنی عشری، حسین حسینی شاه عبدالعظیمی، تهران:انتشارات ميقات، 1363 ش، چاپ اول
- تفسیر روان جاوید، محمد ثقفی تهرانی، تهران:انتشارات برهان، 1398 ق، چاپ سوم
- برگزیده تفسیر نمونه، ناصر مکارم شیرازی و جمعي از فضلا، تنظیم احمد علی بابایی، تهران: دارالکتب اسلامیه، ۱۳۸۶ش
- تفسیر راهنما، علی اکبر هاشمی رفسنجانی، قم:بوستان كتاب(انتشارات دفتر تبليغات اسلامي حوزه علميه قم)، 1386 ش، چاپ پنجم




